नड्डा ने बंगाल सरकार पर निशाना साधा, शाह ने असम में कांग्रेस को ‘लालची’ करार दिया

कोलकाता/गुवाहाटी, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने बृहस्पतिवार को कहा कि पश्चिम बंगाल की जनता को ‘कटमनी’ और ‘टोलाबाजी’ (वसूली) से मुकाबले के लिए टीके की आवश्यकता है। वहीं, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी असम में विपक्षियों पर निशाना साधा।

दोनों नेताओं ने राज्यों के सांस्कृतिक एवं स्थानीय प्रतीकों से भाजपा को जोड़ने का प्रयास किया।

पश्चिम बंगाल में परिवर्तन यात्रा रैली के संपन्न होने पर आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए नड्डा ने दावा किया कि मुख्यमंत्री ‘वास्तविक बंगाली संस्कृति’ का प्रतिनिधित्व नहीं करती हैं और यदि भाजपा सत्ता में आई तो इसे बहाल करेगी।

उन्होंने कहा कि तृणमूल कांग्रेस को ‘‘आराम’’ करने के लिए भेजना होगा और भाजपा को सरकार चलाने का काम देना चाहिए।

उधर, असम के बोरदुवा में बृहस्पतिवार को कांग्रेस पर हमला बोलते हुए अमित शाह ने कहा कि उसने असम में ‘‘सत्ता की लालसा’’ में बदरुद्दीन अजमल की पार्टी एआईयूडीएफ से हाथ मिलाया है।

शाह ने 15-16वीं सदी के संत श्रीमंत शंकरदेव के जन्मस्थल बोरदुवा में एक जनसभा में कहा कि राज्य में सत्ता प्राप्ति का कांग्रेस का ‘‘लालच’’ पूरा नहीं होगा और भाजपा असमी पहचान की प्रतीक अपनी सहयोगी असम गण परिषद के साथ विधानसभा चुनाव में दो-तिहाई बहुमत से जीत दर्ज करेगी।

उन्होंने कहा, ‘‘कांग्रेस अजमल के साथ हाथ मिलाकर सुरक्षा उपलब्ध कराने की बात करती है। यह केवल सत्ता की लालसा की वजह से है कि उसने अजमल से हाथ मिलाया है।’’

शाह ने असम से राज्यसभा सदस्य मनमोहन सिंह का संदर्भ देते हुए कहा, ‘‘कांग्रेस ने राज्य से निर्वाचित प्रधानमंत्री होने के बावजूद असम को हिंसा और घुसपैठ से मुक्त कराने के लिए कुछ भी नहीं किया।’’

लोकसभा सदस्य अजमल के ऑल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (एआईयूडीएफ) का बांग्ला भाषा बोलने वाले असमी मुसलमानों में खासा प्रभाव है।

असम के लिए केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गईं विभिन्न योजनाओं का जिक्र करते हुए शाह ने कहा कि लोग सात साल में भाजपा सरकार द्वारा किए गए कार्यों और कांग्रेस सरकारों द्वारा 70 साल में किए गए कार्यों की राज्य में आगामी विधानसभा चुनाव में तुलना करेंगे।

वहीं, बंगाल के आनंदपुरी में रैली को संबोधित करते हुए भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधा।

उन्होंने कहा, ‘ कल ममता जी ने कहा था कि वह विधानसभा चुनाव से पहले कोविड-19 टीके की खरीद के वास्ते प्रधानमंत्री की सहायता चाहती हैं ताकि राज्य की जनता के लिए इसे निशुल्क उपलब्ध कराया जा सके। केंद्र सरकार पहले ही कह चुकी है कि 60 वर्ष से ऊपर की आयु वाले लोगों को टीका निशुल्क लगाया जाएगा। साथ ही 45 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के ऐसे लोगों को भी निशुल्क टीका लगेगा जोकि पहले ही अन्य बीमारियों से ग्रस्त हैं।’

भाजपा अध्यक्ष ने कहा, ‘ हालांकि, बंगाल को कटमनी और टोलाबाजी के खिलाफ भी टीके की जरूरत है और सत्ता में आने के बाद भाजपा इसका प्रबंध करेगी।’

उन्होंने कहा कि अब राज्य से ‘बुआ-भतीजे’ की सरकार की विदाई का समय आ गया है।

तृणमूल कांग्रेस के चुनावी नारे में बनर्जी को ‘बंगाल की बेटी’ पेश करने का उल्लेख करते हुए नड्डा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री ने राज्य की मां और बहनों की सुरक्षा के लिए काम नहीं किया।

उधर, शाह ने आरोप लगाया कि संशोधित नागरिकता कानून विरोधी प्रदर्शनों के मद्देनजर बने दल कांग्रेस की मदद कर रहे हैं जिसने विदेशियों के खिलाफ असम आंदोलन को दबाने के लिए गोलियां चलाईं।

उन्होंने कहा कि ये दल इसलिए बनाए गए हैं, ताकि वे भाजपा के वोट काट सकें और कांग्रेस की मदद कर सकें, लेकिन वे सफल नहीं होंगे।

केंद्रीय गृह मंत्री ने आरोप लगाया कि राज्य में कांग्रेस के नेता चुनाव के दौरान ही दिखते हैं और बाद में वे निहित स्वार्थ साधने के लिए नई दिल्ली में सत्ता के गलियारों में चक्कर लगाने में व्यस्त हो जाते हैं।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी असम तथा पूर्वोत्तर के विकास के लिए सबकुछ करेंगे और इसी वजह से प्रधानमंत्री ने पिछले पांच साल में कम से कम 35 बार पूर्वोत्तर के विभिन्न राज्यों का दौरा किया है।

शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री क्षेत्र को प्रगति के पथ पर आगे ले जाना चाहते हैं तथा इसे भ्रष्टाचार, हिंसा और घुसपैठ से मुक्त बनाना चाहते हैं।

उन्होंने कहा कि जो कांग्रेस अब असमी पहचान बहाल करने की बात कर रही है, उसने एक सींग वाले गैंडों को बचाने के लिए कुछ नहीं किया जो असम की पहचान से जुड़े हैं।

शाह ने कहा कि मोदी असम को बार-बार की बाढ़ से मुक्ति दिलाना चाहते हैं जिससे हर साल बड़े पैमाने पर नुकसान और विस्थापन होता है।

उन्होंने कहा, ‘‘उपग्रह से ली गईं तस्वीरों की मदद से पानी का रुख मोड़कर तालाब बनाने के लिए स्थानों की पहचान की जाएगी। मैं असम के लोगों से अपील करता हूं कि असम में एक बार फिर भाजपा की सरकार बनाएं और मैं आपको आश्वासन देता हूं कि अगले पांच साल में हम राज्य को वार्षिक बाढ़ की समस्या से मुक्त कर देंगे।’’

गृह मंत्री ने श्रीमंत शंकरदेव की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने 500 साल से अधिक समय पहले असम को शेष देश से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी, जिसकी वजह से महात्मा गांधी ने टिप्पणी की थी कि वही वह व्यक्ति थे जिन्होंने राज्य में ‘राम राज्य’ की शुरुआत की। ‘‘उनकी यह प्रेरक भावना पुनर्जिवित की जायेगी ।’’

उन्होंने कहा कि कांग्रेस की पूर्ववर्ती सरकारों ने देश के अन्य हिस्सों तथा विश्व में संत के संदेश को पहुंचाने के लिए कुछ नहीं किया।

नगांव की प्रसिद्ध हस्तियों के योगदान को याद करते हुए शाह ने कहा कि यह असम के प्रथम मुख्यमंत्री गोपीनाथ बोरदोलोई की धरती है जिन्होंने राज्य को देश का हिस्सा बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

उन्होंने कहा कि यह अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी हिमा दास तथा लोकप्रिय गायक पापोन तथा कई स्वतंत्रता सेनानियों की धरती है।

शाह ने लोगों से कहा कि यह भाजपा की सरकार है जिसने असम के गायक एवं कवि भूपेन हजारिका को भारत रत्न और कांग्रेस से जुड़े मुख्यमंत्री दिवंगत तरुण गोगोई को पद्म भूषण से सम्मानित किया।

गृह मंत्री ने शंकरदेव से जुड़े वैष्णव मठ बताद्रवा थान का भी दौरा किया, जहां उन्होंने सरकार की सौंदर्यीकरण पहल की औपचारिक रूप से शुरुआत की।

आठ हजार वैष्णव प्रार्थना हॉल ‘नामघरों’ को ढाई-ढाई लाख रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान करने पर असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल तथा वित्त मंत्री हिमंत बिस्व सरमा की सराहना करते हुए शाह ने सुझाव दिया कि उन्हें मौजूदा कार्यकाल के शेष दिनों में इस लाभ को इस तरह के 17,000 और प्रतिष्ठानों तक विस्तारित करना चाहिए।

दूसरी तरफ, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले अपने दौरे के दौरान उत्तर 24 परगना जिले के नैहाटी में एक जूट मिल के कर्मचारी के घर दोपहर का खाना खाया।

नड्डा गौरीपुर क्षेत्र स्थित देवनाथ यादव के घर पहुंचे और इस दौरान क्षेत्र की महिलाओं ने उनपर फूलों की पंखुड़ियां बिखेरीं।

शीर्ष भाजपा नेता पिछले साल नवंबर के महीने से ही जनता तक पहुंच के कार्यक्रमों का आयोजन करते रहे हैं।

भाजपा प्रमुख ने शाकाहारी भोजन किया जिसमें पांच तरह की सब्जियां शामिल थीं। इनमें फूलगोभी करी और आम की चटनी भी शामिल थी।

स्थानीय जूट मिल के कर्मचारी यादव ने कहा कि उन्हें जूट मिल क्षेत्र की दिक्कतों के बारे में नड्डा को जानकारी देने का अवसर मिला और उन्होंने धैर्य के साथ उनकी बात सुनी।

यादव की पत्नी ने कहा कि नड्डा ने भोजन किया और कहा, ‘‘आपने स्वादिष्ट भोजन बनाया है।’’

नड्डा के साथ भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष तथा बैरकपुर से सांसद अर्जुन सिंह सहित पार्टी के 20 वरिष्ठ नेता थे।

बाद में, भाजपा अध्यक्ष ने कोलकाता के पास उत्तर 24 परगना के नैहाटी में राष्ट्र गीत के रचयिता मशहूर उपन्यासकार एवं कवि बंकिम चन्द्र चट्टोपाध्याय के पैतृक निवास का दौरा किया और उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

क्रेडिट : पेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया

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