नयी दिल्ली, जल मंत्री आतिशी ने रविवार को केशोपुर में दिल्ली जल बोर्ड (डीजेबी) के जल शोधन संयंत्र का दौरा किया जहां एक व्यक्ति की 40 फुट गहरे बोरवेल में गिरने से मौत हो गई। उन्होंने कहा कि इस घटना के दोषी अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।मंत्री को घटनास्थल पर तैनात दलों ने बचाव अभियान की जानकारी दी गई।आतिशी ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘मैंने दिल्ली में सभी बोरवेल का अगले 48 घंटे में निरीक्षण करने का आदेश दिया है और इस एसटीपी (सीवेज शोधन संयंत्र) के लिए जिम्मेदार अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।’’ उन्होंने बताया कि जब बचाव दल घटनास्थल पर पहुंचे तो बोरवेल के आसपास का हिस्सा पूरी तरह बंद था और पुलिस मामले की जांच कर रही है।
आतिशी ने कहा, ‘‘जिस बोरेवल में व्यक्ति गिरा, उसके आसपास का हिस्सा पूरी तरह बंद था। बचाव अभियान चला रहे कर्मियों ने दरवाजे तोड़े और फिर अंदर प्रवेश किया। बोरवेल में बच्चा नहीं बल्कि एक वयस्क पुरुष गिरा था। पुलिस अभी मामले की जांच कर रही है। इलाके में प्रवेश करना संभव नहीं था या उसमें जाने की किसी को अनुमति भी नहीं थी। बहरहाल, पुलिस इसकी जांच कर रही है।’’
राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और दिल्ली दमकल सेवा के दल बचाव अभियान में लगे हैं। आतिशी ने मुख्य सचिव को लिखे पत्र में कहा, “दिल्ली में आज एक बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटी, जहां केशोपुर एसटीपी में एक बंद बोरवेल में एक व्यक्ति गिर गया। यह बोरवेल उस जमीन पर था जिसे 2020 में दिल्ली मेट्रो को सौंप दिया गया था, फिर भी यह जांच करना हमारी जिम्मेदारी है कि क्या डीजेबी की ओर से कोई चूक हुई है और यह भी सुनिश्चित करना है कि भविष्य में ऐसी कोई घटना न हो।”
मंत्री ने मुख्य सचिव को घटना की जांच करने और दोषी पाए जाने वाले अधिकारी के खिलाफ कड़ी और ऐसी कार्रवाई करने का भी निर्देश दिया है जो एक मिसाल बने। मुख्य सचिव को यह भी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है कि सभी सरकारी और निजी अनुपयोगी बोरवेल को तुरंत सील किया जाए।आतिशी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए दिल्ली मेट्रो रेल निगम (डीएमआरसी) ने कहा कि उसने बोरवेल नहीं बनाया और न ही इसका कोई उपयोग किया। डीएमआरसी ने एक बयान में कहा, “जिस पंप कक्ष के अंदर यह बोरवेल स्थित था, वह दिल्ली जल बोर्ड का है। जब डीएमआरसी ने निर्माण कार्य के लिए इसके आसपास के क्षेत्र को अपने कब्जे में लिया था तब उस पंप कक्ष के अंदर बोरवेल पहले से ही था।”
डीएमआरसी ने कहा कि उसके इंजीनियर मौके पर मौजूद हैं और सभी आवश्यक सहयोग देने के लिए तैयार हैं। उसने कहा, “डीएमआरसी ने पिछले कुछ महीनों में उस क्षेत्र में दिल्ली जल बोर्ड के लिए एक वैकल्पिक सड़क और गार्ड कक्ष का निर्माण किया है।” पुलिस ने बताया कि 14 घंटे लंबे अभियान के बाद रविवार को व्यक्ति का शव बोरवेल से बाहर निकाला गया। लगभग 25 से 35 वर्ष की उम्र के इस व्यक्ति की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है।
पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) विचित्र वीर ने कहा, ‘‘विकासपुरी पुलिस थाने में रात को पीसीआर को एक कॉल आयी कि एक व्यक्ति केशोपुर जल बोर्ड के कार्यालय में बोरवेल में गिर गया है।’’
क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया
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