भारत आंबेडकर की दिखाई दिशा में बढ़ रहा, लेकिन संकीर्ण सोच वाली प्रवृत्ति बाधक बन रही: फडणवीस

पुणे(महाराष्ट्र), भारतीय जनता पार्टी के नेता देवेंद्र फडणवीस ने सोमवार को किसी पार्टी या नेता का नाम लिए बगैर कहा कि देश डॉ. भीमराव आंबेडकर द्वारा दिखाई गई दिशा में बढ़ रहा है, लेकिन कुछ संकीर्ण सोच वाली प्रवृत्तियां इसे पटरी से उतराने की कोशिश कर रही हैं।

आंबेडकर की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए फडणवीस ने कहा कि उन्होंने पहले (यहां एक कार्यक्रम में) संविधान निर्माता (आंबेडकर) का एक भाषण सुना था और मौजूदा स्थिति के मद्देनजर संसद में उसे सुनाए जाने की जरूरत है।

महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री संभवत: संसदीय कार्यवाही में व्यवधान के दृष्टांतों का हवाला दे रहे थे।

भाजपा नेता ने एक कार्यक्रम में कहा, ‘‘उन्होंने (आंबेडकर ने) कहा था कि यदि हम संकीर्ण सोच को छोड़ दें और एक राह पर साथ मिलकर बढ़ने की सोचें तो हम देश को महान बना सकते हैं। देश उस दिशा में बढ़ रहा है। लेकिन कुछ संकीर्ण सोच वाली प्रवृत्तियां इसे पटरी से उतारने की कोशिश कर रही हैं।’’ कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री नारायण राणे भी उपस्थित थे।

फडणवीस ने कहा कि आंबेडकर द्वारा तैयार किये गये संविधान में देश की सभी समस्याओं जवाब है और उन्होंने उच्च साक्षरता दर में समाज सुधारक (आंबेडकर) के योगदान की भी सराहना की।

क्रेडिट : पेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया
फोटो क्रेडिट : Wikimedia commons

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