मुंबई, केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने शुक्रवार को कहा कि संयुक्त उद्यम के अंतरराष्ट्रीय सलाहकारों वाली संस्थाओं को प्राथमिकता देकर सड़क इंजीनियरिंग परियोजनाओं के लिए सर्वोत्तम वैश्विक प्रथाओं के अनुसरण की आवश्यकता है।
गडकरी ने यहां इंडिया टुडे के एक कार्यक्रम में यह बात कही।
गडकरी ने कहा कि वह विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार करने के लिए “स्वदेशी और भारतीय” सलाहकारों पर जोर देते थे, लेकिन वह उस पर फिर से विचार करने की आवश्यकता महसूस करते हैं।
सड़क सुरक्षा को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए गडकरी ने कहा कि भारत में दुनिया में सबसे ज्यादा सड़क दुर्घटनाएं होती हैं और यहां हर साल इन दुर्घटनाओं में डेढ़ लाख लोगों की मौत होती है, जो सबसे अधिक है।
केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री ने कहा, “मैं स्वदेशी और भारतीय डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) निर्माताओं पर जोर देता था, लेकिन मैंने कल अपने सचिव से कहा था कि सड़क इंजीनियरिंग में सुधार के लिए, हमें उन लोगों को प्राथमिकता देनी चाहिए जिनके पास अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के साथ संयुक्त उद्यम है, ताकि दुनिया की विशेषज्ञता हमारे साथ आए।”
इस बीच, मंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में वायु प्रदूषण को कम करने की जरूरत है। उन्होंने जैव ईंधन के लिए चावल के भूसे के बेहतर प्रबंधन पर जोर दिया।
गडकरी ने हिमाचल प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी के नेताओं के बीच मतभेद होने की खबरों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि भाजपा हिमाचल में सत्ता में कायम रहेगी।
उन्होंने कहा कि गुजरात में निश्चित तौर पर भाजपा की जीत होगी और कांग्रेस तथा आम आदमी पार्टी के बीच दूसरे और तीसरे स्थान की लड़ाई है।
क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया
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