अभी भी बहुत कुछ किया जाना बाकी : भलस्वा में कूड़े का पहाड़ हटाने के मुद्दे पर उपराज्यपाल संधू

नयी दिल्ली, दिल्ली के उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू भलस्वा लैंडफिल साइट पहुंचे और वहां जारी ‘बायोरेमेडिएशन’ (कचरे के जैविक उपचार की प्रक्रिया) प्रयासों में हुई प्रगति का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने कहा कि हाल के वर्षों में काम की गति बढ़ी है लेकिन अभी बहुत कुछ किए जाने की जरूरत है।

उपराज्यपाल कार्यालय ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि संधू का यह दौरा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दिल्ली के तीन प्रमुख लैंडफिल साइट-भलस्वा गाजीपुर और ओखला को “कूड़े का पहाड़” बताते हुए उन्हें हटाने का आह्वान करने की पृष्ठभूमि में हुआ है जिसके बाद वहां 2022 में काम शुरू हुआ था।

पोस्ट के मुताबिक संधू ने कहा “पिछले एक साल में काफी प्रगति हुई है लेकिन अभी भी बहुत कुछ किया जाना बाकी है।” पोस्ट के अनुसार उपराज्यपाल ने अधिकारियों को सलाह दी कि वे अपशिष्ट प्रबंधन के क्षेत्र में उभरती वैश्विक प्रौद्योगिकियों और अंतरराष्ट्रीय मानकों का पता लगाएं तथा विशेषज्ञों से परामर्श करें ताकि काम में तेजी लाई जा सके।

पोस्ट में कहा गया है कि उपराज्यपाल ने दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) को न केवल लैंडफिल साइट पर पड़े पुराने कचरे बल्कि लगातार गिराए जा रहे नये कचरे का भी निपटान करने का निर्देश दिया। इसमें कहा गया है कि संधू ने गर्मियों की दस्तक के बीच लैंडफिल साइट पर आग लगने की घटनाओं से बचने के लिए निवारक उपाय किए जाने पर जोर दिया।क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common

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