नयी दिल्ली, इंडिगो के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) विली वॉल्श ने मंगलवार को कहा कि अंतरराष्ट्रीय परिचालन का विस्तार करने की कोशिश कर रही विमानन कंपनी को बेड़े में दिसंबर 2027 के अंत तक कुल 14 संकरे ‘ए321 एक्सएलआर’ विमान शामिल होने की उम्मीद है। फिलहाल कंपनी के बेड़े में ऐसे चार विमान हैं और इस साल के अंत तक एक और विमान शामिल किया जाएगा। इन विमानों की उड़ान क्षमता अधिक है जिससे एयरलाइन को विदेशों में और अधिक गंतव्यों को जोड़ने में मदद मिलेगी।
राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित ‘एविएशन इंडिया एंड साउथ एशिया 2026’ में वॉल्श ने कहा कि विमानन कंपनी का ध्यान कम दूरी की उड़ानों पर ही बना रहेगा और उसकी लागत का आधार बेहद कुशल है। पट्टे पर लिए गए बोइंग 787 चौड़े आकार वाले विमानों का परिचालन बंद कर चुकी इंडिगो को 2028 की दूसरी तिमाही से ए350-900 विमान मिलने शुरू होने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि ए350 विमानों के साथ परिचालन शुरू करने से पहले काफी काम किया जाना बाकी है।
उन्होंने कहा ‘‘हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि ए350 विमानों को बेड़े में शामिल करने के उत्साह के कारण हमारा ध्यान न भटके और हम कम दूरी की उड़ानों के लिए संकरे विमानों के परिचालन पर जरूरी काम से नजर न हटाएं जो आज बेहद कुशल है।’’
हवाई अड्डों के बारे में उन्होंने कहा कि उनके साथ प्रभावी साझेदारी करने की जरूरत है। हवाई अड्डों को अपने निवेश पर पूरी तरह ध्यान केंद्रित करना चाहिए। हवाई अड्डों के ऊंचे शुल्क और करों की आलोचना करते रहे वॉल्श ने यह बात कही। विमानन कंपनी को उम्मीद है कि 2030 तक उसके बेड़े में 600 विमान होंगे। फिलहाल इंडिगो के बेड़े में 440 से अधिक विमान हैं।क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common