सिंगापुर, नवरात्र और दुर्गा पूजा के मौके पर इंडोनेशिया में भारत के दूतावास ने कृत्रिम मेधा (एआई) से तैयार अपने नए डिजिटल अवतार ‘देवी’ की शुरुआत की है। जकार्ता स्थित भारतीय दूतावास का यह अवतार लोगों को संस्कृति यात्रा छात्रवृत्ति और निवेश सहित विभिन्न विषयों पर जानकारी उपलब्ध कराएगा। इंडोनेशिया में भारत के राजदूत संदीप चक्रवर्ती ने सोशल मीडिया पर इसकी शुरुआत की घोषणा करते हुए कहा कि दूतावास का एआई अवतार नवरात्र और दुर्गा पूजा के शुभ अवसर पर अपने अनुयायियों का मार्गदर्शन करने के लिए तैयार है।
दूतावास ने अपने नए डिजिटल प्रतिनिधि का परिचय देते हुए लोगों को आमंत्रित किया हमें फॉलो करें और देवी को हेलो कहें। इंडोनेशिया में ‘देवी’ का अर्थ भारत की तरह ही दैवीय शक्ति से है। इस तरह यह नाम आभासी मार्गदर्शक को स्थानीय पहचान देने के साथ ही उसकी शुरुआत को उत्सव का रंग भी देता है। हालांकि इस ‘देवी’ की भूमिका आधुनिक है। उससे दैवीय आशीर्वाद देने के बजाय लोगों को संस्कृति यात्रा छात्रवृत्ति कारोबार और निवेश के अवसरों के बारे में जानकारी उपलब्ध कराने के साथ ही वाणिज्य दूतावास संबंधी अपडेट देने की उम्मीद है।
भारतीय मिशन ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा संस्कृति यात्रा छात्रवृत्ति कारोबार निवेश के अवसर और वाणिज्य दूतावास संबंधी अपडेट — ये सभी अब आपके और करीब! भारत-इंडोनेशिया साझेदारी से जुड़ी कहानियां और जानकारियां आप तक पहुंचा रहे हैं। पोस्ट में कहा गया जानकार रहें जुड़े रहें!
इस पहल का उद्देश्य भारत और भारत-इंडोनेशिया साझेदारी से जुड़ी जानकारी लोगों तक पहुंचाना है। इसमें इंडोनेशिया में रहने वाले भारतीयों के साथ-साथ भारत की यात्रा और यहां की संभावनाओं में रुचि रखने वाले इंडोनेशियाई नागरिक भी शामिल हैं। भारतीय मिशन के अनुसार इंडोनेशिया में भारतीय मूल के लगभग एक लाख 30 हजार लोग और करीब 15 हजार अनिवासी भारतीय (एनआरआई) रहते हैं।
इनमें से ज्यादातर चार्टर्ड अकाउंटेंट शिक्षक और इंजीनियर सहित विभिन्न पेशों से जुड़े हैं।क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common