उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने दिल्ली यूनिवर्सिटी में ‘नशा मुक्त परिसर अभियान’ की प्रगति का स्वागत किया है, जहाँ 53,000 से ज़्यादा छात्रों ने नशीली दवाओं के खिलाफ़ अनिवार्य शपथ ली है।
धनखड़ ने याद दिलाया कि उन्होंने इस साल की शुरुआत में चांसलर के तौर पर यूनिवर्सिटी में ‘नशा मुक्त परिसर अभियान’ और ‘ई-प्लेज’ (e-pledge) प्लेटफ़ॉर्म लॉन्च किया था, और छात्रों से ‘नशा मुक्त भारत’ का एंबेसडर बनने और नशीली दवाओं के दुरुपयोग के खिलाफ़ आवाज़ उठाने का आग्रह किया था।
उन्होंने कहा कि 53,000 से ज़्यादा छात्रों की भागीदारी नशा मुक्त परिसर का माहौल बनाने की दिशा में एक अहम कदम है और यह एक स्वस्थ, मज़बूत और ज़्यादा समृद्ध राष्ट्र बनाने के बड़े लक्ष्य में योगदान देता है।
उपराष्ट्रपति ने देश भर की अन्य यूनिवर्सिटीज़ से भी इस पहल में शामिल होने और छात्रों को इस अभियान में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करने का आग्रह किया, ताकि ‘नशा मुक्त भारत’ के विज़न को साकार किया जा सके।https://x.com/VPIndia/status/2067520392403796350/photo/2