नयी दिल्ली, भारतीय फुटबॉल में पहली बार एलीट मैच अधिकारियों (रैफरी और सहायक रैफरी) को पूर्णकालिक अनुबंध दिए गए हैं।
अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ (एआईएफएफ) और उसके व्यावसायिक साझेदारों के संयुक्त निवेश के तहत ‘विजन 2047’ के खाके के अंतर्गत एलीट रैफरी विकास योजना (ईआरडीपी) का लक्ष्य भारतीय फुटबॉल पारिस्थितिकी तंत्र को रैफरियों के लिए व्यावहारिक करियर विकल्प बनाना है।
पहले समूह में आठ रैफरी और इतने ही सहायक रैफरी को शामिल किया गया है। पेशेवर मैच अधिकारियों के अगले समूह की घोषणा 2024 में होगी।
एआईएफएफ के अध्यक्ष कल्याण चौबे ने कहा, ‘‘फुटबॉल का मुकाबला रैफरी के बिना आयोजित नहीं किया जा सकता है और इसलिए यह हमारे लिए मुख्य फोकस का क्षेत्र है। रैफरी को पूर्णकालिक नियुक्ति देकर हम यह सुनिश्चित करेंगे कि उन्हें सही प्रकार का प्रशिक्षण, समर्थन और वित्तीय सुरक्षा मिले।’’
उन्होंने कहा, ‘‘इस तरह का कदम पेशे को प्रोत्साहित करेगा, उम्मीद है कि इससे रैफरी बनना आकर्षक होगा और अधिक लोगों को इससे जुड़ने के लिए प्रेरित करेगा, विशेषकर जमीनी स्तर पर।’’
क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया
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