केरल में सीटें बढ़ने के बावजूद भाजपा के वोट शेयर में मामूली बढ़ोतरी

तिरुवनंतपुरम, केरल विधानसभा चुनाव में भाजपा को तीन सीटों पर जीत मिली लेकिन उसके वोट शेयर में 2021 के मुकाबले कोई बड़ी बढ़ोतरी दर्ज नहीं की गई। भाजपा के लिए वोट शेयर एक महत्वपूर्ण मानक है जहां पार्टी ने इस चुनाव में 20 प्रतिशत का आंकड़ा पार कर राज्य में एक प्रमुख राजनीतिक ताकत बनने का लक्ष्य रखा था।

निर्वाचन आयोग की वेबसाइट के अनुसार भाजपा को 2026 के विधानसभा चुनाव में 24 66 178 वोट यानी 11.42 प्रतिशत वोट मिले। इसके मुकाबले 2021 के विधानसभा चुनाव में पार्टी को 11.30 प्रतिशत वोट अर्थात 23 54 468 वोट प्राप्त हुए थे। भाजपा को 2024 के लोकसभा चुनाव में 16.68 प्रतिशत और 2025 के स्थानीय निकाय चुनावों में 14.6 प्रतिशत वोट मिले थे।

कांग्रेस ने अपना वोट शेयर 2021 के 25.12 प्रतिशत (52 33 429 वोट) से बढ़ाकर 2026 में 28.79 प्रतिशत (62 17 918 वोट) कर लिया। माकपा का वोट शेयर 2021 के 25.38 प्रतिशत (52 88 507 वोट) से घटकर 2026 में 21.77 प्रतिशत (46 00 662 वोट) रह गया।

इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) 11.01 प्रतिशत वोट शेयर और 23 78 053 वोट के साथ चौथी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी। आईयूएमएल 2021 के 8.27 प्रतिशत (17 23 593 वोट) से बढ़त हासिल कर सबसे ज्यादा लाभ पाने वाली पार्टियों में शामिल है।

एलडीएफ की दूसरी सबसे बड़ी सहयोगी पार्टी भाकपा का वोट शेयर 2021 के 7.58 प्रतिशत (15 79 235 वोट) से घटकर 2026 में 6.64 प्रतिशत (14 34 524 वोट) रह गया। इसी तरह एलडीएफ की सहयोगी केरल कांग्रेस (एम) का वोट शेयर 2021 के 3.28 प्रतिशत (6 84 363 वोट) से घटकर 2026 में 2.60 प्रतिशत (5 25 323 वोट) रह गया।क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common

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