दंतेवाड़ा, छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में सुरक्षाबलों ने 45 लाख रुपये की इनामी एक महिला नक्सली को मुठभेड़ में मार गिराया है। पुलिस अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि दंतेवाड़ा और बीजापुर जिले के सीमावर्ती क्षेत्र में हुई मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी की सदस्य गुम्माडिवेली रेणुका उर्फ भानु उर्फ चैते उर्फ सिरस्वती उर्फ दमयन्ती को मार गिराया है। रेणुका के सिर पर कुल 45 लाख रुपये का इनाम था।
नक्सली के सिर पर छत्तीसगढ़ शासन ने 25 लाख रुपये तथा तेलंगाना शासन ने 20 लाख रुपये का इनाम रखा था।दंतेवाड़ा जिले के पुलिस अधीक्षक गौरव राय ने बताया कि दंतेवाड़ा बीजापुर के सीमावर्ती क्षेत्र के
अंतर्गत गीदम थाना (दंतेवाड़ा) के नेलगोड़ा इकेली और बेलनार गांव के मध्य स्थित जंगल में माओवादियों की उपस्थिति की सूचना पर रविवार को दंतेवाड़ा जिला रिजर्व गार्ड (डीआरजी) और बस्तर फाईटर्स के जवानों को गश्त के लिए रवाना किया गया था।
राय ने बताया कि अभियान के दौरान आज सुबह लगभग नौ बजे नेलगोड़ा इकेली और बेलनार के मध्य स्थित जंगल में सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच मुठभेड़ शुरू हुई जो लगभग दो घंटे तक जारी रही।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि गोलीबारी बंद होने होने के बाद सुरक्षाबलों ने जब घटनास्थल की छानबीन की तब वहां से एक महिला नक्सली का शव बरामद किया गया।
उन्होंने बताया कि मुठभेड़ में मारी गई महिला नक्सली की पहचान गुम्माडिवेली रेणुका उर्फ भानु उर्फ चैते उर्फ सिरस्वती उर्फ दमयन्ती के रूप में की गई है। रेणुका सेंट्रल रीजनल ब्यूरो (सीआरबी) की प्रेस टीम इंचार्ज थी। वह दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी द्वारा जारी होने वाले प्रभात पत्रिका की संपादक थी।
अधिकारी ने बताया कि रेणुका ने कानून (एलएलबी) की डिग्री हासिल की थी। वह तेलंगाना के वारंगल जिले की कड़वेन्डी गांव की निवासी थी।
उन्होंने बताया कि महिला नक्सली रेणुका 1996 में नक्सल संगठन में भर्ती हुई थी तथा उसने आंध्र प्रदेश में स्पेशल जोनल कमेटी सदस्य कृष्ण अन्ना के साथ काम किया है। उसे 2020 में दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी का सदस्य बनाने के साथ सेंट्रल रीजनल ब्यूरो के प्रेस टीम का इंचार्ज बनाया गया।
अधिकारी ने बताया कि वह नक्सली संगठन की ओर से प्रेस विज्ञप्ति जारी करती थी तथा विभिन्न पत्रिकाओं जैसे कि प्रभात महिला मार्गम आवामी जंग पीपुल्स मार्च पोडियारो पोल्लो झंकार संघर्षरत महिला पितुरी मिडंगुर भूमकाल संदेश का मुद्रण और प्रकाशन का कार्य करती थी। राय ने बताया कि रेणुका का भाई जी वी के प्रसाद उर्फ सुखदेव उर्फ गुड़सा उसेंडी भी स्पेशल जोनल कमेटी का सदस्य था लेकिन उसने 2014 में तेलंगाना में आत्मसमर्पण कर दिया था।
अधिकारी ने बताया कि रेणुका का विवाह 2005 में सेंट्रल कमेटी सदस्य (सीसीएम) शंकामुरी अप्पाराव उर्फ रवि के साथ हुआ था। रवि 2010 के नलमल्ला मुठभेड़ (आंध्र प्रदेश) में मारा गया था। उन्होंने बताया कि सुरक्षाबलों ने घटनास्थल से इंसास राइफल मैगजीन गोला बारूद लैपटॉप नक्सली साहित्य और दैनिक उपयोग का सामान बरामद किया है।
बस्तर क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी ने कहा कि माओवादी संगठन के पास अब हिंसा छोड़कर आत्मसमर्पण करने के अलावा और कोई विकल्प नही बचा है इसलिए माओवादी संगठन से अपील है कि वे तत्काल हिंसा का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा से जुडे़ं या फिर परिणाम भुगतने को तैयार रहें।
राज्य के बस्तर क्षेत्र के सुकमा और बीजापुर जिले में शनिवार को सुरक्षाबलों ने दो मुठभेड़ों में 11 महिलाओं समेत 18 नक्सलियों को मार गिराया था। राज्य में इस वर्ष अब तक अलग-अलग मुठभेड़ों में 135 नक्सली मारे गए हैं। इनमें से 119 बस्तर संभाग में मारे गए हैं।
क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common