नयी दिल्ली, उच्चतम न्यायालय ने हैदराबाद के कासु ब्रह्मानंद रेड्डी (केबीआर) राष्ट्रीय उद्यान के पारिस्थितिकीय रूप से संवेदनशील क्षेत्र में पेड़ काटने से अधिकारियों को रोक दिया।
न्यायमूर्ति बीवी नागरत्ना और न्यायमूर्ति उज्जल भुइयां की पीठ ने कहा कि पार्क के आसपास 25-35 मीटर के पारिस्थितिकीय रूप से संवेदनशील (इको-सेंसिटिव) क्षेत्र में पेड़ों की कटाई नहीं होनी चाहिए।
शीर्ष अदालत ने कार्यकर्ता काजल माहेश्वरी की याचिका पर पर्यावरण और वन मंत्रालय तेलंगाना सरकार और अन्य को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
न्यायालय माहेश्वरी की उस याचिका पर सुनवाई कर रहा था जिसमें अंतरिम राहत देने से इनकार करने के तेलंगाना उच्च न्यायालय के आदेश को चुनौती दी गई थी।
माहेश्वरी ने उच्च न्यायालय में एक याचिका दायर की थी जिसमें केबीआर राष्ट्रीय उद्यान के आसपास के इको-सेंसिटिव क्षेत्र की चौड़ाई को 3 मीटर से 29.8 मीटर घटाने को चुनौती दी गई थी।क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common