पुस्तकें पढ़ने से खुशी मिलती है

एक पुरानी कहावत है कि पुस्तकें पढ़ने से व्यक्ति का स्वास्थ्य ठीक रहता है दिमाग के लिए भी फायदेमंद है, कहते हैं कि जीवन में किताबें मनुष्य की सबसे अच्छी साथी है। यह ज्ञान प्रदान करने और रचनात्मकताए संज्ञानात्मक संकायों को लागू करने के प्रमुख स्रोत के रूप में काम करती है। यह एक निर्विवाद तथ्य है कि इतिहास के पाठयक्रम से सभी महान हस्तियों ने जीवन के सभी क्षेत्रों में ज्ञान प्राप्त कर इसका विस्तार किया है। इस प्रकार पढ़ना सामाजिक कौशल, बुद्धिमत्ता और मनुष्य के व्यक्तित्व पर सकारात्मक प्रभाव डालती हैं।

पुस्तकें पढ़ने से इंसान को जो ज्ञान प्राप्त होता है उससे आसपास की दुनिया के बारे में उसकी समझ बेहतर होती है साथ ही ज्ञान जीवन में उन चुनौतियों से निपटने के बेहतर तरीके सुसज्जित करता है जो समय-समय पर जीवन में हमारे सामने प्रस्तुत होती है। इसी के माध्यम से व्यक्ति ज्ञान के धन को प्राप्त करता है। यह इस प्रकार का धन होता है जो हमेशा आपके पास रहता है इसको कोई आप से न छीन सकता है और न ही बांट सकता है। भौतिक वस्तुएं, पैसा गुम हो सकता है परंतु ज्ञान हमेशा स्थिर रहता है। पढ़ने का एक लाभ यह भी है कि मनुष्य की एकाग्रता की शक्ति में सुधार होता है। मान लो जब आप एक पुस्तक पढ़ रहे हो तो उसमें आपको ध्यान केंद्रित करने की आवश्यकता होती है ताकि आप बताए गए न्यूनतम विवरणों को समझ सको।

पुस्तकें पढ़ने से मनुष्य के अंदर सहानुभूति बढ़ती है जैसे एक काल्पनिक कहानी को पढ़ते समय काल्पनिक चरित्र से सबंधित हो सकता है एक बड़े सदंर्भ में दूसरों की भावनाओं को समझ सकता है। ऐसे लोग जीवन में अधिक सहनशील बनते हैं और अपने आसपास प्रचलित संसाधनों का सम्मान करना सीखते हैं साथ ही एक सुसज्जित समाज का निर्माण भी करते हैं।

वैज्ञानिक अध्ययनों से यह बात साबित होती है कि पुस्तकें पढ़ने से मनुष्य का तनाव कम होता है। यूनिवर्सिटी आफ ससेक्स में 2009 के एक अध्ययन के अनुसार पढ़ने से तनाव 68 प्रतिशत तक कम हो जाता है। केवल छह मिनट पढ़ने से हृदय गति और समग्र स्वास्थ्य में सुधार हो सकता है। अध्ययन के प्रमुख शोधकर्ताओं में डा. डेविड लेविस ने कहा है कि किसी पुस्तक में खुद को खो देना एक तरह से विश्राम है।

आप किस पुस्तक को पढ़ते हैं यह महत्वपूर्ण नहीं है क्योंकि आप इसमें पूरी तरह से तल्लीन होकर रोजमर्रा की दुनिया में कई तरह से होने वाली चिंताओं और तनावों से बच सकते हैं क्योंकि पुस्तकों में छपे पृष्ठ पर लिखे शब्द आपकी रचनात्मकता को उत्तेजित करते हैं जिससे आपके अंदर संतुष्टि का अनुभव होता है। अगर आप पुस्तकें पढ़ने के लाभों के बारे में आश्वस्त नहीं हैं तो हम आपको ऐसे अध्ययन के बारे में जानकारी दे रहे हैं जिसमें, 2016 में येल विश्वविद्यालय के एक अध्ययन में पाया गया कि जो लोग पुस्तकें अधिक पढते हैं उनके अधिक समय तक जीवत रहने की संभावना रहती है। एक अध्ययन में पाया गया कि जो लोग प्रतिदिन औसतन 30 मिनट तक पुस्तकें पढ़ते हैं उनके विचार दिलचस्प और व्यक्तित्व बेहतर होता है।

(इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक है तथा इन्हें अपनाने से अपेक्षित परिणाम मिलेगा आलेख मात्र सामान्य जनरूचि को ध्यान में रखकर प्रस्तुत किया गया है)

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