पेरिस, फ्रांस के गृह मंत्रालय ने नाराज किसानों की पेरिस की ओर बढ़ने की चेतावनी के मद्देनजर देश की राजधानी के चारों ओर बड़ी संख्या में सुरक्षा बलों की तैनाती का रविवार को आदेश दिया। इससे पहले फ्रांस में रविवार को दो जलवायु कार्यकर्ताओं ने लौवर संग्रहालय में ‘मोना लिसा’ की तस्वीर के आगे लगे शीशे पर सूप फेंका और एक स्थायी खाद्य प्रणाली की वकालत करते हुए नारे लगाए।
जलवायु कार्यकर्ताओं ने फ्रांस के उन किसानों के प्रति समर्थन जताया, जो फसल के बेहतर दाम और अन्य समस्याओं के खिलाफ कई दिन से देशभर में विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं।
फ्रांस के किसान उपज के लिए बेहतर पारिश्रमिक दिए जाने समेत अन्य मांगों को लेकर कई दिनों से पूरे देश में चक्का जाम कर विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं।
फ्रांस के गृह मंत्री गेराल्ड डर्मैनिन ने कहा कि मुख्य रूप से पेरिस क्षेत्र में 15,000 पुलिस अधिकारियों को तैनात किया जा रहा है। सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो में, ‘फूड रिपोस्टे’ छपी टी-शर्ट पहने दो महिलाओं को लियोनार्डो दा विंची की उत्कृष्ट कृति ‘मोना लिसा’ पर सूप फेंकते और पेंटिंग के करीब जाने के लिए एक अवरोधक के नीचे से गुजरते हुए देखा जा सकता है। प्रदर्शनकारियों ने कहा, ‘‘सबसे महत्वपूर्ण बात क्या है? कला या भोजन का अधिकार?’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमारा कृषि तंत्र बीमार है। हमारे किसान मर रहे हैं।’’
इसके बाद वीडियो में संग्रहालय कर्मचारियों को आगंतुकों से कमरा खाली करने के लिए कहते देखा जा सकता है। अपनी वेबसाइट पर ‘फूड रिपोस्टे’ समूह ने कहा कि फ्रांस की सरकार अपनी जलवायु प्रतिबद्धताओं को तोड़ रही है।
क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया
फोटो क्रेडिट : Wikimedia common