इस्तांबुल, तुर्की के राष्ट्रपति रजब तैयब अर्दोआन ने कहा है कि वह अब भी फिनलैंड और स्वीडन को उत्तर अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) में शामिल होने से रोकना चाहते हैं।
अर्दोआन ने पत्रकारों से कहा कि इस सप्ताह फिनलैंड और स्वीडन के प्रतिनिधिमंडलों के साथ हुईं बैठकें ‘अपेक्षा के अनुरूप’ नहीं रहीं और तुर्की की सुरक्षा चिंताओं को दूर करने के लिये कोई कदम नहीं उठाया गया।
दैनिक समाचार पत्र ‘हुर्रियत’ की खबर के अनुसार अर्दोआन ने अजरबैजान की यात्रा के बाद विमान में पत्रकारों से कहा, ‘जब तक तैयब अर्दोआन तुर्की गणराज्य के प्रमुख हैं, तब तक हम आतंकवाद को समर्थन देने वाले देशों को नाटो में शामिल करने के लिये हां नहीं कहेंगे।’
अर्दोआन ने प्रतिनिधिमंडलों की बैठक वाली रात स्वीडन के सरकारी टीवी पर उत्तर-पूर्वी सीरिया में सीरियाई कुर्द प्रशासन के सदस्य सालिह मुस्लिम के साक्षात्कार के प्रसारण का जिक्र किया।
उन्होंने इस साक्षात्कार का हवाला देते हुए कहा कि स्वीडन सीरियाई कुर्द आतंकवादियों का समर्थन करता है। उन्होंने कहा कि तुर्की इसे प्रतिबंधित कुर्द समूह के विस्तार के रूप में देखता है, जिसके चलते 1983 में तुर्की के खिलाफ विद्रोह शुरू हुआ था।
क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया
फोटो क्रेडिट : Associated Press (AP)