नयी दिल्ली, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को कहा कि चक्रवात मिगजॉम से प्रभावित क्षेत्रों में साधारण बीमा कंपनियों द्वारा दावों के शीघ्र निपटान के लिए तमिलनाडु के चार जिलों में विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। इससे पहले अत्यधिक बारिश और बाढ़ से प्रभावित चेन्नई में भी एक विशेष शिविर आयोजित किया गया था।
चक्रवात के बाद चार जिलों- तिरुनेलवेली, थूथुकोडि, कन्याकुमारी और तेनकासी में भारी बारिश होने से इन क्षेत्रों में बाढ़ जैसे हालात हो गए। वित्त मंत्री ने कहा कि इन जिलों में पानी उतरने के बाद बाढ़ से हुए नुकसान के दावों का निपटान करने के लिए बीमा कंपनियों द्वारा विशेष शिविर लगाए जाएंगे। भारतीय साधारण बीमा परिषद के तत्वावधान में 19 बीमा कंपनियों ने चक्रवात से संबंधित दावों के शीघ्र निपटान के लिए चेन्नई के अंबत्तूर औद्योगिक एस्टेट में 20-21 दिसंबर को एक विशेष शिविर का आयोजन किया।
उन्होंने कहा कि प्रभावित औद्योगिक इकाइयों के सर्वेक्षण के बाद मौके पर निपटान किया गया।
राज्य के चार जिलों में 16-19 दिसंबर के दौरान 31 लोगों की जान चली गई है, जबकि कुल 73,574 हेक्टेयर कृषि फसल क्षेत्र और 35,796 हेक्टेयर बागवानी क्षेत्र प्रभावित हुआ है।
बचाव अभियान के संबंध में उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए विभिन्न बलों द्वारा अब तक कुल 87 उड़ानें पूरी की जा चुकी हैं।
उन्होंने कहा कि केंद्र ने तमिलनाडु को चालू वित्त वर्ष में उपयोग के लिए दो किस्तों में राज्य आपदा प्रतिक्रिया कोष (एसडीआरएफ) के केंद्रीय हिस्से के रूप में 900 करोड़ रुपये पहले ही जारी कर दिए हैं। सीतारमण ने कहा कि केंद्र द्वारा और सहायता अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय टीम (आईएमसीटी) के मूल्यांकन के आधार पर की जाएगी।
क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया
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