रांची, झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से जुड़े लाभ के पद के मामले में राज्यपाल रमेश बैस द्वारा ‘‘दूसरी राय’’ मांगने के दो दिन बाद, सत्तारूढ़ झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने कहा कि राज्यपाल इस मामले में ‘‘भ्रामक बयान’’ दे रहे हैं।
राज्यसभा सदस्य और झामुमो प्रवक्ता महुआ माजी ने यह भी कहा कि बतौर राज्यपाल बैस को एक ऐसा रुख अख्तियार करना चाहिए जो पार्टी और राजनीति से ऊपर हो।
बैस ने बुधवार को कहा था कि उन्होंने उन पर उंगली उठाये जाने से बचने के लिए ‘‘दूसरी राय’’ मांगी है, ।
माजी ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘राज्यपाल संवैधानिक प्रमुख हैं, उनका पद अत्यधिक सम्मानित है। यह पार्टी या राजनीति से ऊपर है। इसलिए बयान भी संवैधानिक मानदंडों के अनुरूप होना चाहिए।’’
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