रामस्टीन एअर बेस, जर्मनी के रामस्टीन एअर बेस पर एकत्र हुए रक्षा नेताओं ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर ज़ेलेंस्की की शुक्रवार को और सहायता के लिए एक भावपूर्ण दलील सुनी। नेताओं ने इस मुद्दे पर विवाद को सुलझाने की कोशिश की कि यूक्रेन को युद्धक टैंक और अन्य सैन्य सहायता कौन प्रदान करेगा।
जर्मनी के नए रक्षा मंत्री ने कहा कि मुद्दा आगे बढ़ रहा है।
जर्मनी ने अब तक कीव को लेपर्ड-2 टैंकों की आपूर्ति करने के लिए बढ़ते दबाव का विरोध किया है, या कम से कम पोलैंड जैसे अन्य देशों के लिए उनके स्वयं के आयुध भंडार से जर्मन निर्मित लेपर्ड टैंक प्रदान करने का रास्ता साफ किया है।
जर्मन रक्षा मंत्री बोरिस पिस्टोरियस ने कॉन्फ्रेंस हॉल के बाहर पत्रकारों से कहा कि लेपर्ड टैंक भेजने के बारे में अभी तक कोई फैसला नहीं हुआ है, “हम जल्द से जल्द अपने फैसले करेंगे।”
ज़ेलेंस्की ने वीडियो लिंक के माध्यम से नेताओं से भावपूर्ण तरीके से कहा कि वे यूक्रेन को और सैन्य सहायता उपलब्ध कराएं।
सम्मेलन के शुरू होते ही अमेरिकी रक्षा मंत्री लॉयड ऑस्टिन ने कहा, “यह एक महत्वपूर्ण क्षण है। रूस फिर से संगठित हो रहा है, भर्ती कर रहा है और फिर से हावी होने की कोशिश कर रहा है।”
ऑस्टिन ने कहा, ‘‘हमें अपनी गति और अपने संकल्प को बनाए रखने की जरूरत है।’’
वहीं, क्रेमलिन के प्रवक्ता ने कहा कि पश्चिमी टैंकों की तैनाती के “स्पष्ट रूप से नकारात्मक” परिणाम होंगे।
क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया
फोटो क्रेडिट : Associated Press (AP)