नयी दिल्ली नगालैंड सरकार ने उच्चतम न्यायालय को बताया कि राज्य में शहरी स्थानीय निकायों के लिए चुनावी प्रक्रिया 30 अप्रैल तक पूरी कर ली जाएगी। नगालैंड विधानसभा ने नवंबर में महिलाओं के लिए शहरी स्थानीय निकायों में 33 फीसदी सीट आरक्षित करने संबंधी एक विधेयक पारित किया था। राज्य में आखिरी बार शहरी स्थानीय निकाय चुनाव 2004 में हुआ था। न्यायमूर्ति संजय किशन कौल और न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की पीठ ने इस महीने की शुरुआत में नगालैंड के मुख्य सचिव द्वारा दाखिल उस हलफनामे पर संज्ञान लिया जिसमें कहा गया है कि आठ जनवरी से पहले एक महीने के भीतर नियम तय किए जाएंगे। न्यायालय ने मामले पर अगली सुनवाई के लिए तीन मई की तारीख तय की है। उच्चतम न्यायालय नगालैंड में शहरी स्थानीय निकायों में महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण देने का अनुरोध संबंधी ‘पीपुल्स यूनियन फॉर सिविल लिबर्टीज’ तथा अन्य की याचिका पर सुनवाई कर रहा है। याचिकाकर्ताओं ने चुनाव रद्द करने के खिलाफ उच्चतम न्यायालय का रुख किया था और चुनाव प्रक्रिया के संबंध में 14 मार्च के उसके आदेश की ‘‘अवहेलना’’ करने वाले लोगों के खिलाफ अवमानना की कार्रवाई शुरू करने का अनुरोध किया था। क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common