पत्तनमथिट्ठा (केरलम), मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) ने केंद्र सरकार की पारिस्थितिक रूप से संवेदनशील क्षेत्र (ईएसए) संबंधी मसौदा अधिसूचना से सात गांव को बाहर करने की मांग करते हुए शनिवार को पत्तनमथिट्ठा जिले के इन गांवों में हड़ताल की।
पुलिस ने बताया कि दुकानें व्यावसायिक प्रतिष्ठान और शैक्षणिक संस्थान बंद रहे। सुबह छह बजे से शाम छह बजे त
क जारी रहने वाली यह हड़ताल चित्तर पेरुनाड वडसेरिक्करा अरुवप्पुलम कोल्लमुला थन्निथोड और सीथाथोड गांवों में की गई।
अधिकारियों ने बताया कि इन इलाकों में निजी बसें सड़कों से नदारद रहीं। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए अतिरिक्त पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया। पार्टी ने इन गांवों में विरोध रैलियां भी निकालीं।
शुक्रवार को फेसबुक पर एक पोस्ट में माकपा के पत्तनमथिट्ठा जिला सचिव राजू अब्राहम ने कहा कि हड़ताल केवल उन सात गांव तक सीमित रहेगी जो पारिस्थितिक रूप से संवेदनशील क्षेत्र के दायरे में आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह गलत प्रचार किया जा रहा है कि हड़ताल पूरे जिले में होगी।
प्रस्तावित अधिसूचना को लेकर जिले के जंगलों के आसपास रहने वाले किसानों में चिंता बढ़ गई है। उन्हें विशेष रूप से इस बात की आशंका है कि यदि उनकी जमीन इन क्षेत्रों के दायरे में आती है तो निर्माण कार्यों पर प्रतिबंध लग सकते हैं।क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common