मेरठ (उप्र), कांवड़ यात्रा के मद्देनजर मेरठ पुलिस ने ड्यूटी पर तैनात किए जाने वाले पुलिस अधिकारियों एवं कर्मियों को व्यवहारिक प्रशिक्षण देने और कांवड़ मार्गों का व्यापक भौतिक सत्यापन कराने का निर्णय लिया है।
मेरठ परिक्षेत्र के पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) कलानिधि नैथानी ने बताया कि कांवड़ यात्रा को सुरक्षित सुचारु और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी जनपदों में ड्यूटी पर तैनात किए जाने वाले पुलिसकर्मियों को समूहवार व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान पुलिसकर्मियों को भीड़ प्रबंधन आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई महिलाओं बुजुर्गों और बच्चों के प्रति संवेदनशील व्यवहार तथा संयम के साथ ड्यूटी निर्वहन के बारे में प्रशिक्षित किया जाएगा।
नैथानी ने कहा कि उन्हें कांवड़ मार्ग शिविर चिकित्सा केंद्र पेयजल सुविधा पुलिस सहायता केंद्र मार्ग परिवर्तन और वैकल्पिक मार्गों की जानकारी भी उपलब्ध कराई जाएगी।
डीआईजी ने बताया कि कांवड़ मार्गों के भौतिक सत्यापन के दौरान सड़क सुरक्षा से संबंधित 441 स्थान चिह्नित किए गए हैं जिनमें मेरठ में 202 बुलंदशहर में 139 बागपत में 36 और हापुड़ में 64 स्थान शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि विद्युत सुरक्षा के दृष्टिकोण से 673 संवेदनशील स्थान भी चिह्नित किए गए हैं जहां झुके हुए बिजली के खंभे नीचे लटकते अथवा खुले विद्युत तार तथा बिना बैरिकेडिंग वाले ट्रांसफार्मर दिखे।
उन्होंने कहा कि इन स्थानों मेरठ में 141 बुलंदशहर में 249 बागपत में 187 और हापुड़ में 96 स्थान शामिल हैं।
नैथानी ने कहा कि संबंधित विभागों के समन्वय से श्रावण मास शुरू होने से पहले सभी आवश्यक सुधारात्मक कार्य पूरे करने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने कहा कि व्यवहारिक प्रशिक्षण पूरा होने के बाद ही पुलिसकर्मियों को कांवड़ ड्यूटी पर तैनात किया जाएगा।
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