पुणे, बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की प्रमुख मायावती ने महाराष्ट्र में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेतृत्व वाले महायुति गठबंधन पर जाति और धर्म को लेकर राजनीति करने का रविवार को आरोप लगाया। उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री ने 20 नवंबर को होने वाले महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के मद्देनजर बसपा उम्मीदवारों के लिए पुणे में प्रचार के दौरान यह टिप्पणी की। मायावती ने रविवार को यहां एक रैली को संबोधित करते हुए लोगों से आगामी चुनाव में भाजपा और कांग्रेस को खारिज करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी सत्ता में आने पर हर समुदाय को न्याय देगी। बसपा सुप्रीमो ने सत्तारूढ़ गठबंधन पर राजनीतिक लाभ के लिए जाति और धर्म का इस्तेमाल करने का आरोप लगाते हुए कहा ‘‘चुनाव में उम्मीदवारों को टिकट देते समय जाति को मुद्दा नहीं बनाया जाना चाहिए।’’ उन्होंने यह भी दावा किया कि महायुति सरकार अपने फायदे के लिए आरक्षण कार्ड भी खेलेगी। बसपा प्रमुख ने दावा किया ‘‘सत्ताधारी पार्टी राज्य में चुनाव जीतने के लिए साम दाम दंड का इस्तेमाल करेगी। कुछ राजनीतिक दलों के कई सदस्यों को वोटों को विभाजित करने और सत्तारूढ़ पार्टी की मदद करने के लिए जानबूझकर चुनाव लड़ने के लिए कहा गया है।’’क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common