भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने दिल्ली के मंत्री सौरभ भारद्वाज के इस्तीफे की मांग करते हुए आरोप लगाया है कि दिल्ली में जलभराव के लिए वे जिम्मेदार हैं। दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने कहा, “पिछले मंत्रियों के आदेशों को रद्द करने वाली दिल्ली की जल मंत्री सुश्री आतिशी को अब पता चल गया है कि सौरभ भारद्वाज और सत्येंद्र जैन की भ्रष्टाचार की लालसा दिल्ली के जलभराव और बर्बादी तथा करीब 35 मौतों के लिए जिम्मेदार है। सौरभ भारद्वाज ने निजी लाभ के लिए जल मंत्री रहते हुए 21 जुलाई 2023 को ऐसा आदेश जारी कर दिया कि उनकी व्यक्तिगत मंजूरी के बिना कोई भी अधिकारी एक रुपये का भी आदेश जारी नहीं कर सकता और इस आदेश के कारण इस वर्ष कोई भी विभागीय रखरखाव कार्य नहीं हुआ, जिसके परिणामस्वरूप दिल्ली जलभराव में डूब गई। दिल्ली में जलभराव के लिए जिम्मेदार सौरभ भारद्वाज को तुरंत इस्तीफा दे देना चाहिए।” उन्होंने दावा किया, “पूरा शहर जलभराव से जूझ रहा है। किराड़ी, संगम विहार और बुराड़ी में हमेशा जलभराव रहता है। यहां तक कि रोहिणी, राजेंद्र नगर, पटेल नगर और कमला नगर जैसे पॉश इलाके भी बुरी तरह प्रभावित हैं। पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन के पास सीवर बैरल ढह गया है, फिर भी जल बोर्ड के अधिकारी मरम्मत या बड़े सफाई कार्य के लिए कोई आदेश जारी करने में असमर्थ हैं।” आतिशी कार्रवाई करने के बजाय अधिकारियों पर “आरोप लगाने” में व्यस्त हैं। सचदेवा ने कहा कि उन्होंने उपराज्यपाल से लेकर मुख्य सचिव और डीजेबी के कार्यकारी इंजीनियरों तक सभी पर भाजपा नेताओं के इशारे पर काम नहीं करने का आरोप लगाया। आप ने अपने जवाब में आरोप लगाया कि सीवरेज की समस्या डीजेबी में “कृत्रिम रूप से बनाए गए वित्तीय संकट” से उपजी है, जो कथित तौर पर उपराज्यपाल कार्यालय और “भाजपा-नियंत्रित अधिकारियों” द्वारा किया गया है। पार्टी ने दावा किया कि दिल्ली सरकार ने इस वित्तीय वर्ष के बजट में डीजेबी के लिए 7,195 करोड़ रुपये आवंटित किए, लेकिन शहरी विकास और वित्त विभागों के बीच फाइलों के अंतहीन चक्कर लगाने के कारण यह धन की कमी से जूझ रहा है।Photo : Wikimedia