नयी दिल्ली दिल्ली की जेलों में हाल ही में लागू की गई ई-पैरोल प्रणाली ने कागजी कार्रवाई को समाप्त कर दिया है जिससे कैदियों के पैरोल आवेदनों पर समयबद्ध तरीके से तेजी से जरूरी प्रक्रिया पूरी हो रही है।
अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली के उपराज्यपाल वी के सक्सेना की ओर से औपचारिक रूप से शुरू की गई ऑनलाइन पैरोल प्रबंधन प्रणाली पिछले महीने से काम करना शुरू कर चुकी है जिसमें जेल प्रशासन पुलिस जिला प्रशासन और गृह विभाग के बीच समन्वय बढ़ गया है।
लोक निवास (उपराज्यपाल सचिवालय) ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि दिल्ली की जेलें ई-पैरोल के साथ ‘डिजिटल हो गई हैं’ जिससे पारदर्शिता बढ़ी है और पैरोल आवेदनों की प्रक्रिया चार सप्ताह के भीतर तेजी से पूरी हो रही है। एक वरिष्ठ जेल अधिकारी ने बताया कि ऑनलाइन प्रणाली समय बचाती है जिससे एक दूसरे-कार्यालय में आने-जाने और दस्तावेज़ों को संभालने की झंझट खत्म हो गई है एवं पैरोल आवेदनों का समय पर निपटारा हो रहा है।
पैरोल एक अस्थायी और सशर्त रिहाई है जो दोषी कैदियों को उनकी सजा पूरी होने से पहले मानवीय चिकित्सा या अत्यावश्यक व्यक्तिगत कारणों से दी जाती है।क्रेडिट : प्रेस ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया फोटो क्रेडिट : Wikimedia common