अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो का भारत दौरा; विदेश मंत्री जयशंकर के साथ व्यापार, ऊर्जा और रक्षा सहयोग

अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने 20 अक्टूबर, 2026 को मुंबई का दौरा किया। वहां उन्होंने विदेश मंत्री एस. जयशंकर के साथ द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा की। इस बातचीत में व्यापार, ऊर्जा सुरक्षा, प्रौद्योगिकी, रक्षा सहयोग और लोगों के बीच आपसी संबंधों को बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया।बैठक के बाद, रुबियो ने X पर एक पोस्ट में बताया कि चर्चा मुख्य रूप से ऊर्जा सुरक्षा और रक्षा सहयोग पर केंद्रित थी। साथ ही, उन्होंने अमेरिका-भारत रणनीतिक साझेदारी को और आगे बढ़ाने के महत्व को भी दोहराया।

विदेश मंत्री जयशंकर ने भी इस बैठक को सार्थक बताया। उन्होंने कहा कि दोनों पक्षों ने व्यापार, ऊर्जा, तकनीक, रक्षा और लोगों के बीच आपसी आदान-प्रदान के क्षेत्रों में द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने पर चर्चा की। दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर भी बातचीत की।अपनी यात्रा के दौरान, रुबियो ने विदेश मंत्री एस. जयशंकर और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के विदेश मंत्री शेख अब्दुल्ला बिन जायद अल नाहयान के साथ एक त्रिपक्षीय बैठक में हिस्सा लिया।

इस चर्चा में क्षेत्रीय ऊर्जा सुरक्षा और साझा आर्थिक प्राथमिकताओं को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया।रुबियो ने मुंबई के ताज महल पैलेस होटल का भी दौरा किया। वहां उन्होंने 26 नवंबर, 2008 के आतंकवादी हमलों के पीड़ितों की याद में पुष्पांजलि अर्पित की; इन हमलों में अपनी जान गंवाने वालों में छह अमेरिकी नागरिक भी शामिल थे।X पर एक पोस्ट में, अमेरिकी विदेश मंत्री ने हमलों में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि दी और इस त्रासदी के समय मदद के लिए आगे आने वालों के साहस की सराहना की।

उन्होंने भारत और अमेरिका के बीच मजबूत साझेदारी और आतंकवाद से लड़ने की उनकी साझा प्रतिबद्धता को फिर से दोहराया।मुंबई में अपने कार्यक्रमों के तहत, रुबियो ने ‘फ्रीडम 250’ रिसेप्शन में हिस्सा लिया, जिसका आयोजन अमेरिका की 250वीं वर्षगांठ मनाने के लिए किया गया था।

इस अवसर पर बोलते हुए, रुबियो ने अमेरिका के मूल सिद्धांतों – जैसे स्वतंत्रता, नवाचार और ताकत के माध्यम से शांति – पर प्रकाश डाला और इन्हें अमेरिकी नेतृत्व के मार्गदर्शक मूल्यों के रूप में बताया।उन्होंने जोर देकर कहा कि ये सिद्धांत भारत के साथ अमेरिका के संबंधों को आकार देते रहते हैं। साथ ही, उन्होंने साझेदारी और नवाचार के जरिए आर्थिक समृद्धि को बढ़ावा देने में द्विपक्षीय सहयोग के महत्व को रेखांकित किया।रुबियो ने विश्वास जताया कि दोनों देशों के बीच करीबी सहयोग से अमेरिकी और भारतीय नागरिकों की आने वाली पीढ़ियों के लिए समृद्धि सुनिश्चित करने में मदद मिल सकती है।

अमेरिकी विदेश मंत्री ने मुंबई में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास (US Consulate General) की टीम के साथ भी बातचीत की। उन्होंने द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने, अमेरिकी नागरिकों की सहायता करने और साझा आर्थिक व रणनीतिक प्राथमिकताओं को आगे बढ़ाने में टीम के योगदान की सराहना की।https://x.com/DrSJaishankar/status/2112513404594475044/photo/1

%d bloggers like this: